मंगलवार, 4 मई 2010

कुछ नये "नॉन वेज "(अश्लील) चुटकले.

आज जाने क्यों मेरा मन अश्लीलता फ़ैलाने का है। अतः संभ्रांत, सुशील, पढ़े-लिखे, और दूसरों को सही राह दिखने वाले लोगों से मेरा निवेदन है की इससे नीचे ना जाएँ क्योंकि नीचे मैं कुछ ऐसा प्रस्तुत करने जा रहा हूँ जिससे आप लोगों की बुद्धि ख़राब होने का डर है। अगर खुद पर विश्वाश है, तभी आगे बढे क्योंकि कोई भावनात्मक नुकसान हुआ तो भैया मैं भी मायावती जी की तरह से मुआवजा देने के नाम पर हाथ खड़े कर लूँगा।
  • ।।

चुटकला .१ (१८ से ५० की उम्र की लोगों के लिए)

एक ठरकी आदमी था हमारी तरह से ही। यों ही नॉन वेज की तलाश में इधर उधर भटकता रहता था। उनके लिए मेरा सन्देश:

देख परायी चिकनी मत ललचाये जी।

घर की सूखी खाय के ठंडा पानी पी॥

चुटकला .२ (५० से ऊपर वालों के लिए)

अरे बढ़ाऊ तनिक कुछ तो शर्म करो। ई वियाग्रा हमका दे दो और सुनो।

बुड्ढा ऐसा पाय के बुढ़िया खूब शर्माय।

रोज वियाग्रा खाय के तंग करने आ जाय॥

जनाब आप नॉन वेज की तलाश में काफी नीचे गिर चुके हैं। अब आपको असलियत बताता हूँ। आज मंगल वार है। आज के दिन मैं नॉन वेज को हाथ नहीं लगता।

अगर आपकी आशाओं पर खरा ना उतरा हूँ तो छमा प्रार्थी हूँ.

20 टिप्‍पणियां:

  1. आज सुबह सुबह नीचे गिरना बहुत अच्छा लगा... हा हा हा हा हा हा हा हा हा...........

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  2. छमाप्रार्थी न हों क्षमाप्रार्थी हो जायें तो आशाओं पर खरा उतरेंगे।

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  3. बहुत गिरे हुए इंसां हो यार , सुबह पहले इतना नीचे गिरा दिया, गिरा दिया और फिर भी कुछ ना दिया ........
    मज़ा आगया सर जी आपके लेख " देखन में छोटे लगे घाव करे गंभीर "

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  4. अब क्या कहूं मौसी.......

    वो चाहते है थोडा सा और गिरूँ मै,

    ना मानु तो बुरा मैं,मानु तो मरुँ मै!



    वैसे........

    कुंवर जी,

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  5. हम तो गिरे-गिराये हैं जी
    मजा आ गया

    प्रणाम स्वीकार करें

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  6. कुछ हल्का रहा ।
    मुआबजे के नाम पर मायावती ने खोल दी
    तिजोरी ।

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  7. मजा आ गया
    जितनी तारीफ़ की जाय कम है
    सिलसिला जारी रखें
    आपको पुनः बधाई
    साधुवाद..साधुवाद
    satguru-satykikhoj.blogspot.com

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  8. ब्लाग पर आना सार्थक हुआ
    काबिलेतारीफ़ है प्रस्तुति
    आपको दिल से बधाई
    ये सृजन यूँ ही चलता रहे
    साधुवाद...पुनः साधुवाद
    satguru-satykikhoj.blogspot.com

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  9. बहुत गिरा दिया यार तुमने,
    एक बेईमानी के धंधे में ही ईमानदारी बची थी, वो भी नहीं रही।
    खैर, अब छ दिनों तक नॉन-मंगलवारी रहोगे न?

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  10. निमन्त्रण देकर भूखा रखना पाप है

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  11. बहुत बढ़िया गिराए हो भैया !! अच्छे अच्छे गिरे है आज तो !! तो हम कहाँ से बचते ??

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  12. ऐसे कुंए जगह जगह पर बनवा दिए जाएं कि नॉनवेज की तलाश में गिरें और लाश भी न मिले।

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  13. बच गया ,मैं तो बुधवार को पहुंचा ।

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  14. आपने 50 से ऊपर वालों को बूढा कहा उस पर हमारी आपत्ति दर्ज करें :)

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